Pharmacy Practice Regulation (PPR) 2015 को लेकर फार्मासिस्टों में सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या इसके तहत वे स्वतंत्र रूप से क्लिनिक खोलकर इलाज कर सकते हैं या नहीं। हाल के हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के फैसलों के बाद इस विषय पर कई गलत धारणाएँ फैली हुई हैं…
क्या PPR 2015 फार्मासिस्ट को इलाज करने का अधिकार देता है?
हाल के दिनों में सोशल मीडिया और कुछ डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर यह दावा तेजी से फैल रहा है कि Pharmacy Practice Regulation (PPR) 2015 के तहत फार्मासिस्ट स्वतंत्र रूप से क्लिनिक खोलकर इलाज कर सकता है और इंजेक्शन (IV/IM/SC) देने का अधिकार रखता है।
हालाँकि, विशेषज्ञों और कानूनी दस्तावेज़ों के अनुसार यह दावा अधूरा, भ्रामक और तथ्यहीन है।
❌ PPR 2015 को लेकर क्या दावे किए जा रहे हैं?
कुछ पोस्ट और वीडियो में कहा जा रहा है कि:
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फार्मासिस्ट Pharma Clinic खोलकर मरीजों का इलाज कर सकता है
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MBBS डॉक्टर के अंडर 3 महीने की ट्रेनिंग लेकर इंजेक्शन देने का लाइसेंस मिल जाता है
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Pharma Clinic को Medical Clinic की तरह चलाया जा सकता है
विशेषज्ञों के अनुसार PPR 2015 में ऐसा कोई भी वैधानिक प्रावधान मौजूद नहीं है।
✅ PPR 2015 वास्तव में क्या कहता है?
Pharmacy Practice Regulation 2015 के तहत फार्मासिस्ट की भूमिका को स्पष्ट रूप से Medication Expert के रूप में परिभाषित किया गया है।
इसके अंतर्गत फार्मासिस्ट:
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Community और Hospital Pharmacy में कार्य कर सकता है
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Prescription validation कर सकता है
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Patient counselling और drug information दे सकता है
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OTC दवाओं के सुरक्षित उपयोग की सलाह दे सकता है
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Pharmacovigilance और ADR reporting में भूमिका निभा सकता है
👉 Diagnosis करना, बीमारी का इलाज करना या prescription लिखना इसमें शामिल नहीं है।
💉 इंजेक्शन देने का अधिकार – सच्चाई क्या है?
PPR 2015 फार्मासिस्ट को स्वतंत्र रूप से इंजेक्शन देने का अधिकार नहीं देता।
हाँ, कुछ विशेष परिस्थितियों में:
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Hospital setting
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Doctor supervision
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Government vaccination programs (जैसे COVID-19)
में training और institutional protocol के तहत इंजेक्शन दिया जा सकता है।
विशेषज्ञ इसे delegated responsibility बताते हैं, न कि स्वतंत्र प्रैक्टिस का अधिकार।
🏥 Pharma Clinic और Medical Clinic में फर्क
कानूनी रूप से:
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Pharma Clinic ≠ Medical Clinic
Pharma Clinic का अर्थ:
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Patient counselling center
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Medication review और adherence monitoring
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Minor ailment advice (बिना diagnosis)
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Doctor referral
Medical diagnosis और treatment इसमें शामिल नहीं है।
🏛️ PCI की आधिकारिक भूमिका
PPR 2015 को लागू करने वाली संस्था Pharmacy Council of India का उद्देश्य:
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फार्मासिस्ट को healthcare team का सक्रिय सदस्य बनाना
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Patient safety सुनिश्चित करना
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Rational drug use को बढ़ावा देना
PCI ने कभी भी फार्मासिस्ट को स्वतंत्र medical practice का अधिकार अधिसूचित नहीं किया है।
🚫 झोलाछाप पर लगाम या नया भ्रम?
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि:
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PPR 2015 झोलाछाप व्यवस्था को रोकने के लिए है
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इसका उद्देश्य फार्मासिस्ट को झोलाछाप बनाना नहीं है
Pharmacist ≠ Mini Doctor
Pharmacist = Medication Expert
📌 निष्कर्ष
✔️ PPR 2015 फार्मासिस्ट को सशक्त करता है
❌ लेकिन डॉक्टर के बराबर इलाज करने का अधिकार नहीं देता
अगर कोई यह दावा करता है कि
“PPR 2015 के तहत फार्मासिस्ट इलाज, इंजेक्शन या मेडिकल क्लिनिक चला सकता है”
तो विशेषज्ञों के अनुसार यह आधा-अधूरा और भ्रामक दावा है।
📰 यह रिपोर्ट जनहित और स्वास्थ्य जागरूकता के उद्देश्य से प्रकाशित की गई है।

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